मुक्केबाज़ी
भार-वर्ग का ट्रांसफर विंडो: अनुबंध, नौकरी और क्वार्टर का बही-खाता
काग़ज़ का दस्ताना: वर्ल्ड बॉक्सिंग की रजिस्ट्री, पटियाला का कैंप और भारतीय मुक्केबाज़ी का असली मुक़ाबला
नौ बाउट, तीन जीत: पेरिस के बाद भारतीय मुक्केबाज़ी का असली ऑडिट
दरवाज़ा जो है ही नहीं: भारतीय मुक्केबाज़ी की असली समस्या प्रतिभा नहीं, प्रवेश-सूची है
मुक्केबाज़ीभार-वर्ग का ट्रांसफर विंडो: अनुबंध, नौकरी और क्वार्टर का बही-खातापेरिस ओलंपिक में भारत के छह मुक्केबाज़ थे और पदकों की संख्या शून्य। जिस हफ्ते...
मुक्केबाज़ीकाग़ज़ का दस्ताना: वर्ल्ड बॉक्सिंग की रजिस्ट्री, पटियाला का कैंप और भारतीय मुक्केबाज़ी का असली मुक़ाबलातालकटोरा इंडोर स्टेडियम की उस ट्रिब्यून में अक्टूबर 2026 में मैंने ग्यारह दिन...
मुक्केबाज़ीनौ बाउट, तीन जीत: पेरिस के बाद भारतीय मुक्केबाज़ी का असली ऑडिटअगस्त 2026, नॉर्थ पेरिस एरिना। पुरुषों के 71 किलो क्वार्टरफ़ाइनल में निशांत द...
मुक्केबाज़ीदरवाज़ा जो है ही नहीं: भारतीय मुक्केबाज़ी की असली समस्या प्रतिभा नहीं, प्रवेश-सूची हैचार अगस्त 2026, पेरिस। रोलां गैरो का फिलिप-शैत्रिये कोर्ट — जहाँ तीन हफ़्ते...
मुक्केबाज़ी3-2 का फैसला रिंग में नहीं, वेट-क्लास की मेज़ पर बनता हैपटियाला के राष्ट्रीय शिविर हॉल में उस शाम 57 किलो का ट्रायल तीसरे राउंड तक...
